मंगलवार, 14 अगस्त 2012

अब के तो छा जाना गलती मत दोहराना मलहम आने वाला है



अपने
आस पास 
गन्ने के खेत जैसे उगे हुऎ 

पता नहीं कितने 
पर देखे जरूर थे पिछली बार 
बहुत सारे अन्ना 

नतमस्तक 
हो गया था 
साथ में
कुछ दुखी भी 
हो गया था 
कहीं भी
किसी भी 
खेत में
नहीं 
उग पाया था 
बहुत झल्लाया था 

इस बार 
चांस हाथ से नहीं जाने दूंगा 
चाहे धरती पलट जाये 
मौका भुना ही लूंगा

फिर से
क्योंकी 
लग रहा है कुछ होने वाला है 
सुगबुगाहट सी दिख रही है साफ 
पिछली बार के कलाकारों में

सुना है
जल्दी ही 
इस बार वो
रामदेव 
हो जाने वाला है 

अन्ना हो गये रामदेव 
का समाचार भी 

इन
रामदेवों के 
अपने अखबार का संवाददाता

इस बार भी 
इनकी रोज आने वाली 
खबर की
जगह पर 
ही देने वाला है

सोच कर दीजियेगा 
अपनी खबर इन दिनो आप भी जरा 

आपकी खबर भी 
इनकी खबर में 
रोज की तरह मिलाकर 
वो आप से मजे भी लेने वाला है 

बस एक सबक 
सिखा गया अन्ना इन अन्नाओं को 

काम
अपने रोज के 
छोड़ के
कोई भी 
अन्ना यहां का 
नहीं इस बार मैदान में आने वाला है 

पीछे से
लंगड़ी 
देने वाला है 
गिराने वाला है 

सामने से
आकर 
उठाने वाला है 
रामदेव का मलहम 
मुफ्त में दे के जाने वाला है।

चित्र साभार: 
http://www.theunrealtimes.com/

10 टिप्‍पणियां:

  1. अन्ना बाबा घेरते, हैं गन्ने के झाड़ |
    शेर सदन में जा घुसा, सुनिए उच्च दहाड़ |
    सुनिए उच्च दहाड़, भाड़ में जाये कंट्री |
    रहे शक्ति सब ताड़, बड़े चालू ये मंत्री |
    अम्मा की संपत्ति, भला क्यूँ जाने देंगे |
    इअसके बल पर पुन:, बाद में शासन लेंगे ||

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  2. उत्कृष्ट प्रस्तुति बुधवार के चर्चा मंच पर ।।

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  3. अन्ना के गन्ना का,निकल गया सब रस
    रामदेव बाबा बचे,देखिये क्या होता है बस,,,,

    वे क़त्ल होकर कर गये देश को आजाद,
    अब कर्म आपका अपने देश को बचाइए!

    स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाए,,,,
    RECENT POST...: शहीदों की याद में,,

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  4. एक दिन तो आएगा ही गन्ना भी होगा और रस भी होगा असली आजादी का -------बहुत बढ़िया स्वतंत्रता दिवस मुबारक हो

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  5. आपकी लिखी रचना "सांध्य दैनिक मुखरित मौन  में" आज रविवार 17 जनवरी 2021 को साझा की गई है.........  "सांध्य दैनिक मुखरित मौन में" पर आप भी आइएगा....धन्यवाद!

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